11 मार्च 2026 ज्योतिषीय दृष्टि से उन तारीखों में से एक माना जा रहा है जब देवगुरु बृहस्पति अपनी राह को वक्री (पीछे की दिशा) से मार्गी यानी सीधी चाल में बदलेंगे। ज्योतिष शास्त्र में गुरु को ज्ञान, विस्तार, भाग्य, अवसर, करियर और आर्थिक सौभाग्य का ग्रह माना जाता है। जब यह ग्रह सीधी चाल से गति करता है, तो जीवन के विभिन्न क्षेत्रों में सकारात्मक बदलाव देखा जाता है।
भोपाल के ज्योतिषी एवं वास्तु सलाहकार पंडित हितेंद्र कुमार शर्मा का कहना है कि इस वर्ष गुरु के मार्गी होने से कुछ राशियों की चमक विशेष रूप से बढ़ने की संभावना है। सिंह, कन्या, तुला, कुंभ और मीन राशि के जातकों के लिए यह समय करियर, धन और रिश्तों में सकारात्मक परिवर्तन लेकर आ सकता है।
विशेषकर सिंह राशि के विद्यार्थियों और नौकरीपेशा लोगों को प्रोन्नति या नई जिम्मेदारियों के अवसर मिल सकते हैं। कन्या राशि वालों के लिए व्यापार या नौकरी में लाभ तथा आर्थिक स्थिति में मजबूत उछाल संभव है। तुला राशि के लिए रिश्तों में सामंजस्य और साझेदारी में मजबूती का दौर बन सकता है। कुंभ राशि वाले लोग अपने रचनात्मक कार्यों में सफलता पाएंगे और मीन राशि के लिए यह समय आत्मविश्वास, मानसिक शांति और धन वृद्धि का संकेत देता है।
ज्योतिष विशेषज्ञों का सुझाव है कि गुरु मार्गी का प्रभाव तभी सकारात्मक रूप से अनुभव किया जा सकता है जब व्यक्ति अपने लक्ष्य पर निरंतर मेहनत और सकारात्मक सोच बनाए रखे। वहीं गुरुवार के दिन गुरुवार के रंग का प्रयोग, पीले वस्त्रों का धारण और जरूरतमंदों को दान देने जैसी परंपरागत मान्यताएं भी शुभ फलदायी मानी जाती हैं।


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